गुमला न्यूज ब्यूरो प्रमुख – गणपत लाल चौरसिया
उपायुक्त दिलेश्वर महतो ने की समीक्षा बैठक, सिसई विद्यालय का भवन दो दिनों में हस्तांतरित करने और भरनो में पांच दिनों के भीतर लंबित औपचारिकताएं पूरी करने का निर्देश
गुमला: जनजातीय विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध कराने के उद्देश्य से गुमला जिले के तीन एकलव्य मॉडल आवासीय विद्यालयों का संचालन 15 नवंबर 2026 से शुरू करने की तैयारी की जा रही है। इसे लेकर उपायुक्त दिलेश्वर महतो ने समीक्षा बैठक कर भवन हस्तांतरण, आधारभूत सुविधाओं और विद्यार्थियों के नामांकन की स्थिति का जायजा लिया। उन्होंने सभी लंबित कार्य निर्धारित समय-सीमा में पूरा करने का निर्देश दिया।
बैठक में एकलव्य मॉडल आवासीय विद्यालय सिसई, गुमला, भरनो और डुमरी के प्रभारी प्राचार्य, कार्यकारी एजेंसी ब्रिज एंड रूफ के प्रतिनिधि और जिला कल्याण पदाधिकारी मौजूद रहे। बैठक में बताया गया कि भारत सरकार के निर्देश के आलोक में कल्याण विभाग ने जिले के तीन एकलव्य विद्यालयों का संचालन 15 नवंबर से शुरू करने का निर्देश दिया है।
निर्माण पूरा होने के बाद भी सिसई विद्यालय का हस्तांतरण लंबित
समीक्षा के दौरान सिसई स्थित एकलव्य विद्यालय का भवन निर्माण पूरा होने के एक साल बाद भी हस्तांतरण नहीं होने पर उपायुक्त ने नाराजगी जताई। उन्होंने प्रभारी प्राचार्य को कार्यकारी एजेंसी के प्रतिनिधि के साथ भवन का निरीक्षण करने और छोटी-मोटी कमियों को दूर कराते हुए अगले दो दिनों के भीतर हस्तांतरण की प्रक्रिया पूरी करने का निर्देश दिया।
वहीं, डुमरी और भरनो विद्यालयों में बचा हुआ आधारभूत संरचना से जुड़ा काम जल्द पूरा करने को कहा गया। भरनो विद्यालय के प्रभारी प्राचार्य और एजेंसी प्रतिनिधि को आपसी समन्वय से अगले पांच दिनों के भीतर जरूरी औपचारिकताएं पूरी कर भवन हस्तांतरण सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया।
नामांकन जल्द पूरा करने का निर्देश
उपायुक्त ने सिसई, गुमला, भरनो और डुमरी के सभी प्रभारी प्राचार्यों को विद्यार्थियों के नामांकन की प्रक्रिया जल्द पूरी करने और इसकी अद्यतन जानकारी जिला कल्याण पदाधिकारी को उपलब्ध कराने को कहा। साथ ही जिला कल्याण पदाधिकारी, कार्यकारी एजेंसी और प्राचार्यों को आपसी समन्वय बनाकर विद्यालय संचालन से जुड़ी सभी जरूरी व्यवस्थाएं सुनिश्चित करने तथा नियमित निगरानी करने का निर्देश दिया।
उपायुक्त ने कहा कि एकलव्य मॉडल आवासीय विद्यालयों का उद्देश्य जनजातीय विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा और बेहतर शैक्षणिक वातावरण उपलब्ध कराना है। इसलिए विद्यालयों का संचालन तय समय पर शुरू करना प्राथमिकता है। उन्होंने सभी संबंधित अधिकारियों और एजेंसी प्रतिनिधियों को लंबित कार्यों में तेजी लाने का निर्देश दिया।
बैठक में परियोजना निदेशक, जिला कल्याण पदाधिकारी सहित अन्य संबंधित पदाधिकारी और कर्मी उपस्थित रहे।







