गुमला (ब्यूरो प्रमुख ) – गणपत लाल चौरसिया
योजनाओं में पारदर्शिता, गुणवत्ता एवं जवाबदेही सुनिश्चित करने के दिए निर्देश, विभिन्न विभागों की योजनाओं की हुई व्यापक समीक्षा
गुमला : गुमला जिला समाहरणालय सभागार में सांसद, लोहरदगा लोकसभा क्षेत्र सह अध्यक्ष, जिला विकास समन्वय एवं निगरानी समिति (दिशा) सुखदेव भगत की अध्यक्षता में जिला स्तरीय दिशा समिति की बैठक आयोजित की गई। बैठक में केंद्र एवं राज्य सरकार द्वारा संचालित विभिन्न विकास योजनाओं की विभागवार समीक्षा की गई तथा योजनाओं के प्रभावी, समयबद्ध एवं पारदर्शी क्रियान्वयन को लेकर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।
*पूर्व बैठक के अनुपालन प्रतिवेदन की समीक्षा, निर्देशों के शत-प्रतिशत पालन पर जोर*
बैठक की शुरुआत पूर्व दिशा समिति की बैठक में दिए गए निर्देशों के अनुपालन प्रतिवेदन की समीक्षा से हुई। उप विकास आयुक्त अनिमेष रंजन द्वारा विभिन्न विभागों से प्राप्त अनुपालन प्रतिवेदन की जानकारी प्रस्तुत की गई। समीक्षा के दौरान सांसद सुखदेव भगत ने कहा कि सरकार की प्रत्येक योजना का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुंचना चाहिए तथा योजनाओं के क्रियान्वयन में किसी भी प्रकार की लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी। उन्होंने सभी विभागों को दिशा समिति की बैठकों को गंभीरता से लेने तथा पूर्व में दिए गए निर्देशों का शत-प्रतिशत अनुपालन सुनिश्चित करने का निर्देश दिया।
*राष्ट्रीय उच्च पथ एवं एनएचएआई परियोजनाओं में लापरवाही पर जताई नाराजगी*
राष्ट्रीय उच्च पथ प्रमंडल एवं एनएचएआई की समीक्षा के दौरान सांसद ने पूर्व बैठक में अनुपस्थित रहने को लेकर कार्यपालक अभियंता राष्ट्रीय उच्च पथ प्रमंडल से स्पष्टीकरण मांगा। साथ ही दिशा समिति को योजनाओं की प्रगति एवं जांच संबंधी सूचनाएं उपलब्ध नहीं कराए जाने पर नाराजगी व्यक्त की। उन्होंने कहा कि किसी भी परियोजना से संबंधित जांच अथवा महत्वपूर्ण गतिविधियों की जानकारी समिति एवं जिला प्रशासन को समय पर उपलब्ध कराई जानी चाहिए तथा कार्यों में पारदर्शिता एवं जवाबदेही सुनिश्चित की जानी चाहिए।
*सड़क सुरक्षा, ब्लैक स्पॉट सुधार एवं मॉनिटरिंग व्यवस्था पर विशेष जोर*
एनएचएआई परियोजनाओं की समीक्षा के दौरान सड़क दुर्घटनाओं एवं सुरक्षा संबंधी विषयों पर भी विस्तार से चर्चा की गई। एक दुर्घटना मामले में आयु संबंधी तथ्यों में विसंगति पर सांसद ने नाराजगी व्यक्त करते हुए संबंधित अधिकारियों को संवेदनशीलता एवं सतर्कता के साथ कार्य करने का निर्देश दिया। उन्होंने कॉरिडोर मॉनिटरिंग, कैमरा स्थापना तथा चिन्हित ब्लैक स्पॉट्स के सुधार हेतु आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करने को कहा।
*खनन प्रभावित क्षेत्रों में रोजगार एवं मूलभूत सुविधाओं को प्राथमिकता देने के निर्देश*
हिंडाल्को प्रबंधन से संबंधित समीक्षा के दौरान सांसद ने हाड़ुप पंचायत सहित विभिन्न खनन एवं पाट क्षेत्रों में पेयजल, जलापूर्ति तथा अन्य मूलभूत सुविधाओं को प्राथमिकता के आधार पर सुदृढ़ करने का निर्देश दिया। उन्होंने खनन प्रभावित क्षेत्रों के रैयतों एवं स्थानीय नागरिकों को रोजगार में प्राथमिकता देने, स्थानीय वाहनों का उपयोग सुनिश्चित करने तथा युवाओं को सम्मानजनक रोजगार एवं उचित पारिश्रमिक उपलब्ध कराने पर बल दिया। साथ ही हिंडाल्को को रोजगार मेलों में भाग लेकर स्थानीय युवाओं को रोजगार उपलब्ध कराने का सुझाव दिया।
*महिला समूहों की आजीविका एवं एफपीओ सशक्तिकरण पर हुई चर्चा*
झारखंड स्टेट लाइवलीहुड प्रमोशन सोसाइटी (जेएसएलपीएस) की समीक्षा के दौरान स्वयं सहायता समूहों की आजीविका गतिविधियों, एचजीएम नवीनीकरण एवं एफपीओ को बैंकिंग सहयोग उपलब्ध कराने से संबंधित विषयों पर चर्चा हुई। सांसद ने बैंक प्रतिनिधियों को स्थानीय भाषा में संवाद स्थापित कर ग्रामीणों को योजनाओं की जानकारी सरल तरीके से उपलब्ध कराने का निर्देश दिया। चिप्सोना आलू की खेती एवं अन्य आजीविका कार्यक्रमों की प्रगति की भी समीक्षा की गई। उपायुक्त दिलेश्वर महत्तो ने स्वयं सहायता समूहों की महिलाओं के रोजगार संवर्धन हेतु किए जा रहे प्रयासों की जानकारी दी।
*किसानों को स्थानीय भाषा में तकनीकी मार्गदर्शन उपलब्ध कराने का निर्देश*
कृषि विभाग की समीक्षा के दौरान सांसद ने मृदा स्वास्थ्य कार्ड प्राप्त किसानों को जांच रिपोर्ट के आधार पर आवश्यक तकनीकी सलाह उपलब्ध कराने तथा नियमित रूप से मिट्टी की गुणवत्ता की निगरानी करने का निर्देश दिया। उन्होंने किसानों को स्थानीय भाषा में तकनीकी जानकारी उपलब्ध कराने पर विशेष बल दिया। खाद एवं उर्वरकों विशेषकर यूरिया एवं डीएपी की उपलब्धता की भी समीक्षा की गई। जिला कृषि पदाधिकारी ने बताया कि “धरती बचाओ अभियान” के तहत किसानों को नैनो यूरिया एवं वैकल्पिक उर्वरकों के उपयोग के लिए जागरूक किया जा रहा है तथा अवैध बिक्री रोकने हेतु कार्रवाई की जा रही है।
*उद्यानिकी, विपणन एवं चाय खेती परियोजना की प्रगति की समीक्षा*
उद्यान विभाग की समीक्षा के दौरान किसानों द्वारा उत्पादित फसलों के विपणन, कोल्ड स्टोरेज निर्माण एवं विभिन्न योजनाओं के क्रियान्वयन पर चर्चा की गई। विशुनपुर प्रखंड के नरमा गांव में प्रस्तावित चाय खेती परियोजना की प्रगति की जानकारी लेते हुए सांसद ने कार्यों में तेजी लाने का निर्देश दिया।
*नगर परिषद के कार्यों की समीक्षा, अवैध वसूली पर सख्त कार्रवाई के निर्देश*
नगर परिषद से संबंधित समीक्षा के दौरान बाजार टांड़ क्षेत्र की साफ-सफाई, जलजमाव, अवैध वसूली, पार्किंग शुल्क एवं ठोस अपशिष्ट प्रबंधन से जुड़े मुद्दों पर विस्तृत चर्चा हुई। सांसद ने आउटसोर्सिंग एजेंसियों की कार्यप्रणाली की नियमित मॉनिटरिंग करने, लापरवाही बरतने पर नोटिस जारी करने तथा अवैध वसूली पर कठोर कार्रवाई सुनिश्चित करने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि नागरिक सुविधाओं से जुड़े कार्यों में किसी भी प्रकार की शिथिलता स्वीकार नहीं की जाएगी।
*जुडको परियोजनाओं में समन्वय की कमी पर जताई नाराजगी*
जुडको द्वारा संचालित पेयजल एवं अन्य आधारभूत संरचना परियोजनाओं की समीक्षा के दौरान सांसद ने योजनाओं की जानकारी स्थानीय जनप्रतिनिधियों एवं जिला प्रशासन को उपलब्ध नहीं कराए जाने पर नाराजगी व्यक्त की। उन्होंने कहा कि करोड़ों रुपये की योजनाओं के संबंध में स्थानीय स्तर पर समुचित सूचना एवं समन्वय आवश्यक है। विद्युत शवदाह गृह की स्थापना के बाद उसके प्रभावी संचालन नहीं होने पर भी चिंता व्यक्त करते हुए उन्होंने दस दिनों के भीतर विस्तृत प्रतिवेदन उपलब्ध कराने का निर्देश दिया।
*स्वास्थ्य सुविधाओं के विस्तार एवं एंबुलेंस व्यवस्था को सुदृढ़ करने पर बल*
स्वास्थ्य विभाग की समीक्षा के दौरान मातृत्व वार्ड विस्तार, ब्लड बैंक एवं एंबुलेंस व्यवस्था पर चर्चा की गई। सांसद ने ब्लड स्टोरेज यूनिट को शीघ्र पूर्ण रूप से संचालित करने तथा स्वास्थ्य सेवाओं को और अधिक सुदृढ़ बनाने के निर्देश दिए। साथ ही जनप्रतिनिधियों के सहयोग से अतिरिक्त एंबुलेंस उपलब्ध कराने के विषय पर भी विचार-विमर्श किया गया।
*शिक्षा विभाग के लंबित मामलों की जांच के दिए निर्देश*
शिक्षा विभाग की समीक्षा के दौरान अंबेडकर नगर स्थित जर्जर विद्यालय भवन, मदरसा इस्लामिया गुमला में प्रबंध समिति गठन, अल्पसंख्यक प्राथमिक उर्दू विद्यालय गोया (घाघरा) से संबंधित मामलों सहित अन्य लंबित विषयों पर चर्चा हुई। सांसद ने संबंधित मामलों की विशेष जांच कराने तथा जांच समिति में दिशा समिति के सदस्यों को भी शामिल करने का निर्देश दिया। उन्होंने सभी मामलों में तथ्यपरक एवं ठोस प्रतिवेदन उपलब्ध कराने को कहा।
*मनरेगा, आवास, पशुपालन एवं मत्स्य योजनाओं की प्रगति की समीक्षा*
मनरेगा की समीक्षा के दौरान लंबित देयताओं, पौधारोपण कार्यों तथा पंचायतवार योजनाओं के संतुलित वितरण पर चर्चा हुई। प्रधानमंत्री आवास योजना, पेयजल एवं स्वच्छता, पशुपालन, मत्स्य, आपूर्ति, खेल एवं युवा कार्य विभाग सहित अन्य विभागों की योजनाओं की भी समीक्षा की गई। पशुपालन विभाग को पशु मृत्यु की स्थिति में त्वरित सूचना एवं बीमा दावा प्रक्रिया सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए। मत्स्य विभाग अंतर्गत प्रधानमंत्री मत्स्य संपदा योजना के तहत लाभुकों को प्रदत्त सहायता की भी समीक्षा की गई।
*रेलवे एवं आधारभूत संरचना विकास से जुड़े विषयों पर भी हुई चर्चा*
बैठक में रेलवे से संबंधित लंबित प्रस्तावों, क्षेत्रीय संपर्क एवं आधारभूत संरचना विकास से जुड़े विषयों पर भी चर्चा की गई। सांसद ने कहा कि दिशा समिति केवल अनुश्रवण का मंच नहीं बल्कि समन्वय का भी महत्वपूर्ण माध्यम है। सभी विभाग आपसी समन्वय के साथ कार्य करें तथा समिति द्वारा दिए गए निर्देशों का समयबद्ध अनुपालन सुनिश्चित करें। उन्होंने कहा कि अच्छे कार्य करने वाले अधिकारियों एवं कर्मियों को प्रोत्साहित किया जाएगा तथा लापरवाही बरतने वालों के विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
*समन्वय, अनुश्रवण एवं जवाबदेही से विकास कार्यों को मिलेगी नई गति : सांसद*
बैठक के समापन अवसर पर सांसद सह दिशा समिति अध्यक्ष सुखदेव भगत ने कहा कि दिशा समिति केवल योजनाओं की समीक्षा का मंच नहीं, बल्कि विभिन्न विभागों के बीच समन्वय स्थापित कर विकास कार्यों को गति देने का एक महत्वपूर्ण माध्यम है। उन्होंने कहा कि बैठक में प्रधानमंत्री आवास, सड़क, स्वास्थ्य, शिक्षा, पेयजल, कृषि, खनन, ग्रामीण विकास सहित विभिन्न क्षेत्रों से जुड़े विषयों पर विस्तृत एवं सकारात्मक चर्चा हुई है।
उन्होंने कहा कि समिति के सदस्यों द्वारा जनहित से जुड़े अनेक महत्वपूर्ण सुझाव एवं मुद्दे उठाए गए, जिन पर गंभीरतापूर्वक विचार किया गया है। जिला प्रशासन एवं विभागीय अधिकारियों द्वारा अधिकांश मामलों में सकारात्मक पहल की जा रही है, वहीं जिन मामलों में लापरवाही अथवा अनियमितता सामने आई है, उनमें आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। साथ ही अपने दायित्वों का बेहतर निर्वहन करने वाले अधिकारियों एवं कर्मियों को प्रोत्साहित भी किया जाएगा।
सांसद ने अधिकारियों को निर्देशित करते हुए कहा कि दिशा समिति की बैठकों में दिए गए निर्देशों का समयबद्ध अनुपालन सुनिश्चित करें तथा अंतिम तिथि की प्रतीक्षा करने के बजाय समस्याओं के समाधान हेतु त्वरित कार्रवाई करें। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि बेहतर समन्वय, नियमित अनुश्रवण एवं जनप्रतिनिधियों के सहयोग से जिले के विकास कार्यों को और अधिक प्रभावी बनाया जा सकेगा तथा गुमला के समग्र विकास को नई गति मिलेगी।
बैठक में मुख्य रूप से उपायुक्त दिलेश्वर महत्तो, पुलिस अधीक्षक हरिश बिन जमां, जिला वन प्रमंडल पदाधिकारी अहमद बेलाल अनवर, जिला परिषद अध्यक्ष किरण माला बाड़ा, नगर परिषद अध्यक्ष शकुंतला उरांव, उप विकास आयुक्त अनिमेष रंजन, अपर समाहर्ता राजीव नीरज, सिविल सर्जन डॉ. शंभूनाथ चौधरी, सभी अनुमंडल पदाधिकारी, विभिन्न विभागों के जिला स्तरीय पदाधिकारी, दिशा समिति के सदस्यगण एवं जनप्रतिनिधि उपस्थित थे।