आज दिनांक 06.08.2023 को हजारीबाग समाहरणालय स्थित सभागार में महानिदेशक एवं पुलिस महानिरीक्षक, झारखण्ड कीरामगढ अध्यक्षता में हजारीबाग रेंज के पुलिस उप-महानिरीक्षक, रेंज के जिलों (हजारीबाग, चतरा, रामगढ, कोडरमा एवं गिरिडीह) के पुलिस अधीक्षकों तथा अन्य पदाधिकारियों के साथ हजारीबाग रेंज में अपराध नियंत्रण एवं विधि-व्यवस्था संधारण हेतु तथा नक्सलियों के विरूद्ध चलाये जा रहे अभियानों पर समीक्षा बैठक आयोजित की गई। उक्त बैठक में महानिदेशक एवं पुलिस महानिरीक्षक, झारखण्ड द्वारा महत्वपूर्ण अपराध शीर्ष यथा-हत्या, डकैती, लूट, चोरी, गृहभेदन, स्नेचिंग, आर्म्स एक्ट, फिरौती के लिए अपहरण, संगठित अपराधिक गिरोह द्वारा रंगदारी, बलात्कार, पोक्सो एक्ट एवं अनुसूचित जाति / जनजाति अत्याचार निवारण अधिनियम के अंतर्गत प्रतिवेदित कांडी तथा उसके निष्पादन पर चर्चा किया गया।
इस बैठक में महानिदेशक एवं पुलिस महानिरीक्षक, झारखण्ड द्वारा अपराध नियंत्रण हेतु संगठित आपराधिक गिरोहों के सरगना एवं उसमें शामिल सदस्यों को चिन्हित करते हुये सख्त कार्रवाई करने का निर्देश दिया गया। जमानत पर छूटे अपराधकर्मियों के वर्तमान गतिविधि पर लगातार निगरानी रखते हुये सी०सी०ए० के प्रावधानों के तहत कार्रवाई करने पर बल दिया। संगठित आपराधिक गिरोह के फिरार सदस्यों को हर हाल में गिरफ्तारी सुनिश्चित करने पर जोर दिया। अंतरजिला / अंतर्राज्यीय आपराधिक गिरोह के सदस्यों पर नकेल कसने के लिये क्षेत्रीय पुलिस उप महानिरीक्षक को विशेष रूप से निर्देशित किया गया। जिला में सकिय टॉप 10 अपराधकर्मियों को टीम गठित कर उसे अविलम्ब गिफ्तार कर कठोर कार्रवाई करने का निर्देश दिया गया। उन्होंने सक्रिय अपराध कर्मियों के विरुद्ध सीसीए के तहत किस जिले से कितने प्रस्ताव भेजे गये, कितने अप्रूव हुए एवं कितने पेंडिंग हैं की जानकारी ली। वैसे अपराधी जो बार-बार अपराध करते हैं उसे
चिन्हित करते हुये विधिसम्मत कठोर कार्रवाई करने पर जोर दिया गया। आरोपित अपराध कर्मियों का दागी पंजी में नाम दर्ज कर उनपर लगातार निगरानी रखने का निर्देश दिया। संगठित आपराधिक गिरोहों पर लगाम लगाने के लिए हजारीबाग क्षेत्राधीन सभी जिलों में अपराधिक गिरोहों एवं उनके सदस्यों की सूची तैयार कर फिरार अपराधकर्मियों को यथाशीघ्र गिरफ्तार करने एवं जेल में बंद अपराधकर्मियों पर निगरानी रखने, ताकि उसके द्वारा जेल से मोबाईल द्वारा अपने आपराधिक गिरोह का संचालन नहीं किया जा सके जेल से छूटे अपराधकर्मियों का बेल कैन्सिलेशन कराने तथा स्पीडी ट्रायल कर अपराधियों को सजा दिलाने एवं फिरार अपराधकर्मियों के विरूद्ध नियमानुसार पुरस्कार की घोषणा करने का निर्देश दिया।
इस बैठक में जिला के लंबित वारंट कुर्की का त्वरित गति से निष्पादन करने हेतु सभी पुलिस अधीक्षकों को आदेशित किया गया। इसके लिए लगातार समकालीन अभियान चलाकर वारंटियों को गिरफ्तार करने पर जोर दिया।
इसके अतिरिक्त इस बैठक में अनुसूचित जाति / जनजाति अत्याचार निवारण अधिनियम, पोक्सो अधिनियम, मानव तस्करी के पैसे कांड जिसमें विक्टिम अभी तक मिसिंग है के लंबित मामलों, वामपंथी उग्रवाद परिदृश्य की समीक्षा और चल रहे अभियान, उग्रवादियों की चल / अचल संपत्तियों की जप्ती के प्रस्तावों की स्थिति फरार नक्सली कमांडरों के खिलाफ इनाम घोषणा के प्रस्तावों की स्थिति, पांच वर्ष और दस वर्ष से अधिक अवधि से लंबित मामलों की समीक्षा की गई।
पुलिस महानिदेशक, झारखण्ड ने क्षेत्र के सभी जिलों में अपराध नियंत्रण हेतु की गयी कार्रवाई की अद्यतन जानकारी भी प्राप्त की। उन्होंने ड्रग्स (नारकोटिक्स) नेटवर्क एवं अवैध शराब व्यवसाय से जुड़े अपराधकर्मियों का पता करते हुए आखिरी संलिप्त अपराधकर्मी तक पहुँच कर उनके विरूद्ध कड़ी से कड़ी कार्रवाई करने, संगठित रूप से किये जाने वाले अवैध उत्खनन (यथा-कोयला, आयरन और बालू एवं पत्थर) पर पूर्णतः रोक लगाने एवं उसपर आवश्यक कार्रवाई करने का निर्देश दिया। उन्होने एन०टी०पी०सी० के क्षेत्रों में लाइट एवं सी०सी०टी०वी० कैमरा अधिष्ठापित करने की बात कही।
उन्होंने सभी जिला में समय एवं स्थान बदलकर वाहन चेकिंग कराने तथा बस स्टैण्ड, टेम्यू स्टैण्ड एवं अन्य सार्वजनिक स्थानों के आस-पास पर्याप्त रोशनी की व्यवस्था कराने का निर्देश दिये ताकि अपराधियों एवं असामाजिक तत्वों का जमावड़ा नहीं लगे और छोटे-छोटे अपराधों पर भी लगाम लगाया जा सके हाल के दिनों में असामाजि…
झारखंड आदिवासी महोत्सव 2023
डी०जी०पी० का हजारीबाग में समीक्षा बैठक अपराध नियंत्रण, संगठित आपराधिक गिरोह पर लगाम लगाने, अनुसंधान के लिए दिये निर्देश*
आज दिनांक 06.08.2023 को हजारीबाग समाहरणालय स्थित सभागार में महानिदेशक एवं पुलिस महानिरीक्षक, झारखण्ड कीरामगढ अध्यक्षता में हजारीबाग रेंज के पुलिस उप-महानिरीक्षक, रेंज के जिलों (हजारीबाग, चतरा, रामगढ, कोडरमा एवं गिरिडीह) के पुलिस अधीक्षकों तथा अन्य पदाधिकारियों के साथ हजारीबाग रेंज में अपराध नियंत्रण एवं विधि-व्यवस्था संधारण हेतु तथा नक्सलियों के विरूद्ध चलाये जा रहे अभियानों पर समीक्षा बैठक आयोजित की गई। उक्त बैठक में महानिदेशक एवं पुलिस महानिरीक्षक, झारखण्ड द्वारा महत्वपूर्ण अपराध शीर्ष यथा-हत्या, डकैती, लूट, चोरी, गृहभेदन, स्नेचिंग, आर्म्स एक्ट, फिरौती के लिए अपहरण, संगठित अपराधिक गिरोह द्वारा रंगदारी, बलात्कार, पोक्सो एक्ट एवं अनुसूचित जाति / जनजाति अत्याचार निवारण अधिनियम के अंतर्गत प्रतिवेदित कांडी तथा उसके निष्पादन पर चर्चा किया गया।
इस बैठक में महानिदेशक एवं पुलिस महानिरीक्षक, झारखण्ड द्वारा अपराध नियंत्रण हेतु संगठित आपराधिक गिरोहों के सरगना एवं उसमें शामिल सदस्यों को चिन्हित करते हुये सख्त कार्रवाई करने का निर्देश दिया गया। जमानत पर छूटे अपराधकर्मियों के वर्तमान गतिविधि पर लगातार निगरानी रखते हुये सी०सी०ए० के प्रावधानों के तहत कार्रवाई करने पर बल दिया। संगठित आपराधिक गिरोह के फिरार सदस्यों को हर हाल में गिरफ्तारी सुनिश्चित करने पर जोर दिया। अंतरजिला / अंतर्राज्यीय आपराधिक गिरोह के सदस्यों पर नकेल कसने के लिये क्षेत्रीय पुलिस उप महानिरीक्षक को विशेष रूप से निर्देशित किया गया। जिला में सकिय टॉप 10 अपराधकर्मियों को टीम गठित कर उसे अविलम्ब गिफ्तार कर कठोर कार्रवाई करने का निर्देश दिया गया। उन्होंने सक्रिय अपराध कर्मियों के विरुद्ध सीसीए के तहत किस जिले से कितने प्रस्ताव भेजे गये, कितने अप्रूव हुए एवं कितने पेंडिंग हैं की जानकारी ली। वैसे अपराधी जो बार-बार अपराध करते हैं उसे
चिन्हित करते हुये विधिसम्मत कठोर कार्रवाई करने पर जोर दिया गया। आरोपित अपराध कर्मियों का दागी पंजी में नाम दर्ज कर उनपर लगातार निगरानी रखने का निर्देश दिया। संगठित आपराधिक गिरोहों पर लगाम लगाने के लिए हजारीबाग क्षेत्राधीन सभी जिलों में अपराधिक गिरोहों एवं उनके सदस्यों की सूची तैयार कर फिरार अपराधकर्मियों को यथाशीघ्र गिरफ्तार करने एवं जेल में बंद अपराधकर्मियों पर निगरानी रखने, ताकि उसके द्वारा जेल से मोबाईल द्वारा अपने आपराधिक गिरोह का संचालन नहीं किया जा सके जेल से छूटे अपराधकर्मियों का बेल कैन्सिलेशन कराने तथा स्पीडी ट्रायल कर अपराधियों को सजा दिलाने एवं फिरार अपराधकर्मियों के विरूद्ध नियमानुसार पुरस्कार की घोषणा करने का निर्देश दिया।
इस बैठक में जिला के लंबित वारंट कुर्की का त्वरित गति से निष्पादन करने हेतु सभी पुलिस अधीक्षकों को आदेशित किया गया। इसके लिए लगातार समकालीन अभियान चलाकर वारंटियों को गिरफ्तार करने पर जोर दिया।
इसके अतिरिक्त इस बैठक में अनुसूचित जाति / जनजाति अत्याचार निवारण अधिनियम, पोक्सो अधिनियम, मानव तस्करी के पैसे कांड जिसमें विक्टिम अभी तक मिसिंग है के लंबित मामलों, वामपंथी उग्रवाद परिदृश्य की समीक्षा और चल रहे अभियान, उग्रवादियों की चल / अचल संपत्तियों की जप्ती के प्रस्तावों की स्थिति फरार नक्सली कमांडरों के खिलाफ इनाम घोषणा के प्रस्तावों की स्थिति, पांच वर्ष और दस वर्ष से अधिक अवधि से लंबित मामलों की समीक्षा की गई।
पुलिस महानिदेशक, झारखण्ड ने क्षेत्र के सभी जिलों में अपराध नियंत्रण हेतु की गयी कार्रवाई की अद्यतन जानकारी भी प्राप्त की। उन्होंने ड्रग्स (नारकोटिक्स) नेटवर्क एवं अवैध शराब व्यवसाय से जुड़े अपराधकर्मियों का पता करते हुए आखिरी संलिप्त अपराधकर्मी तक पहुँच कर उनके विरूद्ध कड़ी से कड़ी कार्रवाई करने, संगठित रूप से किये जाने वाले अवैध उत्खनन (यथा-कोयला, आयरन और बालू एवं पत्थर) पर पूर्णतः रोक लगाने एवं उसपर आवश्यक कार्रवाई करने का निर्देश दिया। उन्होने एन०टी०पी०सी० के क्षेत्रों में लाइट एवं सी०सी०टी०वी० कैमरा अधिष्ठापित करने की बात कही।
उन्होंने सभी जिला में समय एवं स्थान बदलकर वाहन चेकिंग कराने तथा बस स्टैण्ड, टेम्यू स्टैण्ड एवं अन्य सार्वजनिक स्थानों के आस-पास पर्याप्त रोशनी की व्यवस्था कराने का निर्देश दिये ताकि अपराधियों एवं असामाजिक तत्वों का जमावड़ा नहीं लगे और छोटे-छोटे अपराधों पर भी लगाम लगाया जा सके हाल के दिनों में असामाजिक तत्वों के द्वारा सोशल मीडिया के माध्यम से राज्य में अराजकता फैलाने का कार्य करने का प्रयास किया जाता रहा है सोशल मीडिया के सभी साधनों पर निगरानी रखने की आवश्यकता पर बल दिया।
बैठक में महानिदेशक एवं पुलिस महानिरीक्षक, झारखण्ड ने पुलिस निरीक्षक, पुलिस उपाधीक्षक, पुलिस अधीक्षकों एवं पुलिस उप महानिरीक्षक को एक नियमित अंतराल पर थाना एवं पुलिस प्रतिष्ठानों का निरीक्षण करने का निर्देश दिया। पुलिस मुख्यालय के द्वारा समय-समय पर दिये गये निर्देशों का अक्षरशः एवं स समय अनुपालन किये जाने का निर्देश भी दिया।
इस बैठक में श्री अजय कुमार सिंह, पुलिस महानिदेशक, झारखण्ड के अतिरिक्त श्री मुरारीलाल मीना, अपर पुलिस महानिदेशक, मुख्यालय, श्री संजय आनन्दराव लाठकर, अपर पुलिस महानिदेशक, अभियान, श्री मनोज कौशिक, पुलिस महानिरीक्षक, मुख्यालय, श्री अखिलेश झा, पुलिस महानिरीक्षक, मानवाधिकार श्री अमोल विनुकांत होनकर, पुलिस महानिरीक्षक, अभियान श्री प्रभात कुमार, पुलिस महानिरीक्षक, विशेष शाखा, श्री असीम विक्रांत मिंज, पुलिस महानिरीक्षक, अप०अनु०वि० श्रीमती ए० विजया लक्ष्मी, पुलिस उप-महानिरीक्षक, कार्मिक, श्री नरेन्द्र कुमार पुलिस उप महानिरीक्षक, हजारीबाग, श्री डॉ० शम्स तबरेज, पुलिस उप महानिरीक्षक, बजट, श्री चोथे मनोज रतन पुलिस अधीक्षक, हजारीबाग, राकेश रंजन, पुलिस अधीक्षक, चतरा, श्री पियुष पाण्डेय, पुलिस अधीक्षक, रामगढ़, कुमार गौरव, पुलिस अधीक्षक, कोडरमा एवं श्री दीपक कुमार शर्मा, पुलिस अधीक्षक, गिरिडीह तथा क्षेत्र के अन्य पुलिस पदाधिकारियों ने भाग लिया।
News – Vijay Chaudhary