28 C
Ranchi
Sunday, March 8, 2026
Advertisement
HomeNationalविश्व आदिवासी दिवस के मौके पर सीएम हेमंत सोरेन ने दिशोम गुरु...

विश्व आदिवासी दिवस के मौके पर सीएम हेमंत सोरेन ने दिशोम गुरु को श्रद्धांजलि दी, कहा- उनके बाबा सशरीर साथ नहीं, पर उनके विचार व आदर्श सदैव प्रेरणा देते रहेंगे

रांची : मोरहाबादी में नौ अगस्त को प्रस्तावित विश्व आदिवासी दिवस नहीं मनाने का मलाल आदिवासी समाज को है. इस मौके पर झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने एक भावुक पोस्ट साझा करते हुए अपने पिता एवं झारखंड आंदोलन के प्रणेता शिबू सोरेन को श्रद्धांजलि दी है। उन्होंने लिखा कि आज उनके मार्गदर्शक, उनके गुरु और उनके बाबा सशरीर साथ नहीं हैं, लेकिन उनका संघर्ष, उनके विचार और आदर्श सदैव प्रेरणा देते रहेंगे।

सीएम ने गुरुजी के संघर्ष को आत्मसात करने का संकल्प लिया

आज विश्व आदिवासी दिवस है पर मेरे मार्गदर्शक, मेरे गुरु, मेरे बाबा सशरीर साथ नहीं हैं, मगर उनका संघर्ष, उनके विचार, उनके आदर्श हमें हमेशा प्रेरणा देते रहेंगे। वह न केवल मेरे पिता थे, बल्कि समस्त आदिवासी समाज समेत झारखण्ड की आत्मा, संघर्ष के प्रतीक और जल-जंगल-जमीन के सबसे मुखर रक्षक भी थे।

यह आदिवासी समाज ही है जिसने मानवजाति को प्रकृति के साथ सांमजस्य बनाकर खुशहाल जीवन जीने का मार्ग दिखाया है। आदिवासी समाज का जीवन-दर्शन प्रकृति से ही शुरु और प्रकृति पर ही खत्म होता है। मगर सदियों से खुद आदिवासी तथा शोषित-वंचित समाज हाशिये पर खड़े रहने को मजबूर रहा। बाबा ने इसी स्थिति को बदलने के लिए अपना पूरा जीवन न्यौछावर कर दिया था।

विश्व आदिवासी दिवस पर राज्य भर में होना वाला कार्यक्रम उनका प्रिय रहा। क्यूंकि यह अवसर आदिवासी समाज की समृद्ध सभ्यता और संस्कृति को एक सूत्र में पिरोने का माध्यम रहा है, आदिवासी समाज की प्रतिभा को वैश्विक मंच देने का अवसर बना है।
आज पूरा विश्व आदिवासी दिवस मना रहा है। इस अवसर पर मैं बाबा दिशोम गुरु सहित हमारे सभी वीर पुरुखों को नमन करता हूं, जिन्होंने संघर्ष और शहादत देकर हमारी पहचान, हमारी संस्कृति, हमारी सभ्यता और हमारे अधिकारों की रक्षा की।

विश्व आदिवासी दिवस पर मैं नमन करता हूं. अपने वीर पुरखों को, और संकल्प लेता हूं कि उनके दिखाए मार्ग पर चलकर झारखण्ड और देश में आदिवासी अस्मिता की मशाल को और ऊंचा करूंगा।
झारखण्ड के वीर अमर रहें!
देश के समस्त वीर आदिवासी योद्धा अमर रहें!
जय जोहार, जय आदिवासियत, जय झारखण्ड!”

 नेमरा गांव के ग्रामीणों से सीएम ने की भेंट,किसानों ने खुलकर अपनी समस्याएं रखीं कई सुझाव भी दिए

रामगढ़ : दिशोम गुरु शिबू सोरेन के निधन के बाद मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन सरकारी  कामकाज वहीं से निबटा रहे हैं और खेतों का मुआयना कर रहे हैं. शनिवार को अपने पैतृक गांव नेमरा पहुंचे हेमंत सोरेन ने ग्रामीणों से मुलाकात कर हालचाल जाना और खेतों में काम कर रहे किसानों व महिलाओं से बातचीत की। खेतों की की पगडंडियों पर चलते हुए उन्होंने बचपन की यादें ताजा कीं

सीएम ने नेमरा के बरमसिया और बड़का नदी दोईन क्षेत्रों में किसानों से बातचीत करते हुए कहा कि वर्षा जल का स्थानीय स्तर पर उपयोग कर खेती को लाभ पहुंचाया जा सकता है। उन्होंने चेक डैम निर्माण की सरकारी योजना की जानकारी देते हुए किसानों को इसका लाभ उठाने की अपील की। उन्होंने स्थानीय संसाधनों के बेहतर इस्तेमाल की ग्रामीणों को सलाह दी. किसानों ने भी खुलकर अपनी समस्याएं रखीं कई सुझाव भी सीएम को दिए। इस मौके पर मुख्यमंत्री के साथ रविदास सोरेन, बिरजू सोरेन, दिलका सोरेन, विश्वनाथ बेसरा और परमेश्वर सोरेन भी मौजूद थे।


Discover more from Jharkhand Weekly - Leading News Portal

Subscribe to get the latest posts sent to your email.

- Advertisment -

Most Popular

Recent Comments

Discover more from Jharkhand Weekly - Leading News Portal

Subscribe now to keep reading and get access to the full archive.

Continue reading