31 C
Ranchi
Sunday, June 7, 2026
Advertisement
HomeLocal NewsGumla1200 फीट ऊंची पहाड़ी पर स्थित रहस्यमय शिवलिंग, जहां सालभर बरसती है...

1200 फीट ऊंची पहाड़ी पर स्थित रहस्यमय शिवलिंग, जहां सालभर बरसती है जलधारा

झारखंड के गुमला और लोहरदगा जिले की सीमा पर हरे-भरे जंगलों के बीच बसी एक पहाड़ी गुफा में भगवान शिव का एक ऐसा अद्भुत धाम है, जिसे देखने के बाद हर भक्त का मन श्रद्धा से भर उठता है। महादेव मंडा शिव मंदिर नामक यह स्थान समुद्र तल से लगभग 1200 फीट ऊंचाई पर स्थित है, जहां शिवलिंग पर साल के 365 दिन, 24 घंटे लगातार पानी की धारा गिरती रहती है। इस जल का स्रोत आज भी रहस्य बना हुआ है, और यही इसकी सबसे बड़ी विशेषता है।

सावन ही नहीं, सालभर उमड़ती है भीड़

हाल ही में सावन का महीना समाप्त हुआ, लेकिन यहां दर्शनार्थियों का आना सालभर जारी रहता है। मान्यता है कि यहां सच्चे मन से मांगी गई हर मुराद पूरी होती है। गुमला, लोहरदगा, रांची समेत छत्तीसगढ़, बिहार, दिल्ली और मुंबई तक से भक्त यहां पहुंचते हैं।
मंदिर की लोकेशन भी इसे खास बनाती है—चारों ओर घने जंगल, ठंडी हवाएं और पहाड़ी की चोटी से गिरती प्राकृतिक जलधारा इसे ‘मिनी कश्मीर’ का रूप देती है।

यात्रा मार्ग और पहुँच

स्थानीय लोगों के अनुसार, गुमला से यहां पहुंचने के लिए घाघरा पार कर कंडरा होते हुए लगभग 55 किमी की यात्रा करनी होती है, जबकि लोहरदगा से यह दूरी लगभग 30 किमी है। निजी वाहन से यात्रा सबसे सुविधाजनक है, हालांकि सोमवार को यहां ऑटो की सुविधा भी उपलब्ध रहती है।

सोशल मीडिया से मिली पहचान

कभी यह स्थान वीरान पड़ा रहता था, लेकिन सोशल मीडिया पर वीडियो वायरल होने के बाद इसकी पहचान तेजी से फैली। अब यहां रोजाना हजारों श्रद्धालु पहुंच रहे हैं। मंदिर की बढ़ती लोकप्रियता को देखते हुए लोग इसे ‘छोटा अमरनाथ’ भी कहने लगे हैं।

श्रद्धालुओं के अनुभव

रांची से आए एक श्रद्धालु ने बताया, “हमने इस स्थान के बारे में सोशल मीडिया पर देखा और तुरंत यहां आने का निर्णय लिया। यहां की शांति और वातावरण मन को अद्भुत सुकून देता है।”
ध्रुवा जगन्नाथपुर, रांची से आए 20-25 लोगों के एक समूह ने कहा, “हम हर साल नई जगहों की खोज में घूमते हैं। महादेव मंडा एक अद्वितीय अनुभव है। यदि सरकार इसे पर्यटक स्थल के रूप में विकसित करे तो यहां का स्वरूप और निखर सकता है।”

विकास की संभावनाएं

स्थानीय लोगों और आगंतुकों का मानना है कि यदि यहां बुनियादी सुविधाओं का विकास किया जाए तो यह झारखंड का एक प्रमुख धार्मिक-पर्यटन केंद्र बन सकता है। इससे न केवल श्रद्धालुओं को सुविधा होगी, बल्कि आसपास के लोगों के लिए रोजगार के नए अवसर भी खुलेंगे।

न्यूज़ – गणपत लाल चौरसिया 


Discover more from Jharkhand Weekly - Leading News Portal

Subscribe to get the latest posts sent to your email.

- Advertisment -

Most Popular

Recent Comments

Discover more from Jharkhand Weekly - Leading News Portal

Subscribe now to keep reading and get access to the full archive.

Continue reading