गुमला (ब्यूरो प्रमुख ) – गणपत लाल चौरसिया
विभागीय समन्वय एवं समयबद्ध कार्य निष्पादन पर जोर, विभिन्न योजनाओं की प्रगति की हुई समीक्षा
स्वास्थ्य सेवाओं के सुदृढ़ीकरण, लंबित निर्माण कार्यों में तेजी तथा जनहित योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन के दिए निर्देश
गुमला : – गुमला उपायुक्त दिलेश्वर महत्तो की अध्यक्षता में समाहरणालय सभागार में जिला समन्वय समिति की बैठक आयोजित की गई। बैठक में विभिन्न विभागों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित कर विकास योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन, लंबित कार्यों के त्वरित निष्पादन तथा आमजन को समयबद्ध लाभ उपलब्ध कराने को लेकर विस्तृत समीक्षा की गई।
बैठक के प्रारंभ में उपायुक्त ने सभी विभागों के पदाधिकारियों को निर्देशित किया कि वे अपने प्रतिवेदनों में ऐसे विषयों का स्पष्ट उल्लेख करें, जिनके निष्पादन में अन्य विभागों के सहयोग की आवश्यकता हो, ताकि समन्वित प्रयासों के माध्यम से योजनाओं का बेहतर क्रियान्वयन सुनिश्चित किया जा सके। उन्होंने कहा कि विभागों के बीच प्रभावी समन्वय एवं समयबद्ध कार्रवाई से ही शासन की योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाया जा सकता है।
बैठक के दौरान स्वास्थ्य विभाग की विस्तृत समीक्षा की गई। मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य सेवाओं, एएनसी जांच, कुपोषित बच्चों के उपचार, स्वास्थ्य संस्थानों की आधारभूत सुविधाओं तथा निर्माणाधीन स्वास्थ्य भवनों की प्रगति की समीक्षा करते हुए उपायुक्त ने आवश्यक निर्देश दिए। उन्होंने स्वैच्छिक रक्तदान को बढ़ावा देने के लिए जिले में नियमित रक्तदान शिविर आयोजित करने, अधिक से अधिक रक्त संग्रहण सुनिश्चित करने तथा रक्तदाताओं को प्रमाण-पत्र प्रदान कर प्रोत्साहित करने पर बल दिया। थैलेसीमिया सहित गंभीर मरीजों के लिए पर्याप्त रक्त उपलब्धता सुनिश्चित करने हेतु कार्ययोजना तैयार करने के निर्देश भी दिए गए।
समीक्षा के दौरान पालकोट में प्रस्तावित स्वास्थ्य उपकेंद्र की निविदा प्रक्रिया में हो रहे विलंब पर नाराजगी व्यक्त करते हुए उपायुक्त ने संबंधित अधिकारियों को शीघ्र कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। विभिन्न क्षेत्रों में निर्माणाधीन बीपीएचयू, प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र ( पीएचसी ) एवं स्वास्थ्य उपकेंद्र ( एचएससी ) भवनों की प्रगति की समीक्षा करते हुए लंबित कार्यों को निर्धारित समय सीमा के भीतर पूर्ण करने को कहा गया। उन्होंने एम्बुलेंस की उपलब्धता को बढ़ाने हेतु विभाग से अतिरिक्त एम्बुलेंस की मांग भेजने तथा स्वास्थ्य सुविधाओं का विस्तार सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए। सभी स्वास्थ्य संस्थानों में सीसीटीवी कैमरों को सक्रिय रखने पर भी बल दिया गया।
उपायुक्त के निर्देश पर उप विकास आयुक्त अनिमेष रंजन द्वारा समाज कल्याण विभाग एवं अन्य संबंधित विभागों की समीक्षा की गई। समीक्षा के दौरान निर्माणाधीन आंगनबाड़ी केंद्रों, आवासीय विद्यालयों, छात्रावासों तथा अन्य आधारभूत संरचना से जुड़े कार्यों की प्रगति का आकलन किया गया। जिला समाज कल्याण विभाग के अंतर्गत कार्यकारी एजेंसी के द्वारा निर्माणाधीन आंगनबाड़ी केंद्रों के लंबित कार्यों को शीघ्र पूर्ण करने तथा पेयजल, शौचालय एवं विद्युत जैसी मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए। उप विकास आयुक्त ने कहा कि स्कूल एवं आंगनबाड़ी जैसे महत्वपूर्ण जनहित कार्यों में किसी भी प्रकार की लापरवाही अथवा अनावश्यक विलंब स्वीकार्य नहीं होगा।
बैठक में आवासीय विद्यालयों एवं छात्रावासों के निर्माण कार्यों की भी समीक्षा की गई। लंबित कार्यों को समयबद्ध ढंग से पूर्ण करने तथा विद्यार्थियों को आवश्यक मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए। साथ ही छात्रवृत्ति योजनाओं का लाभ अधिकाधिक विद्यार्थियों तक पहुंचाने के लिए विद्यालय स्तर पर विशेष शिविर आयोजित कर प्रक्रिया में तेजी लाने को कहा गया।
धूमकुड़िया भवन निर्माण कार्यों की समीक्षा करते हुए संबंधित विभागों को अद्यतन प्रगति की जियो टैग फोटो उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए। पंचायती राज विभाग के अंतर्गत पंचायत स्तर पर प्रस्तावित शेल्टर हाउस निर्माण की प्रगति की भी समीक्षा की गई।
पेयजल एवं स्वच्छता विभाग की समीक्षा के दौरान पेयजल योजनाओं के लंबित कार्यों को शीघ्र पूर्ण करने तथा आमजनों को निर्बाध पेयजल उपलब्ध कराने पर बल दिया गया।
नगर परिषद की समीक्षा के दौरान आगामी मानसून को देखते हुए शहर के सभी प्रमुख नालों की नियमित एवं व्यापक साफ-सफाई सुनिश्चित करने तथा मच्छरजनित एवं अन्य मौसमी बीमारियों की रोकथाम के लिए समय पर फॉगिंग कराने के निर्देश दिए गए।
बैठक में खेल अवसंरचना विकास के अंतर्गत प्रस्तावित लगभग 2.5 एकड़ क्षेत्र में स्विमिंग पूल निर्माण की योजना पर भी चर्चा की गई।
इसके अतिरिक्त आईटीडीए, सामाजिक सुरक्षा, आपूर्ति, कृषि, उद्यान, पशुपालन, गव्य विकास, मत्स्य, जेएसएलपीएस, शिक्षा सहित विभिन्न विभागों की योजनाओं एवं प्रगति की समीक्षा की गई। पंचायत भवनों के सौंदर्यीकरण, प्रखंड कार्यालय परिसरों की नियमित साफ-सफाई तथा कार्यालयों में कार्य संस्कृति को और बेहतर बनाने पर विशेष जोर दिया गया।
बैठक के अंत में उपायुक्त ने सभी अधिकारियों से टीम भावना के साथ कार्य करने का आह्वान करते हुए कहा कि विभागों के बीच बेहतर समन्वय, समयबद्ध कार्य निष्पादन एवं जवाबदेही के साथ कार्य करने से जिले की विकास योजनाओं के क्रियान्वयन में गति आएगी तथा जिले की समग्र रैंकिंग में भी सुधार होगा।
बैठक में उप विकास आयुक्त, अपर समाहर्ता, निदेशक आईटीडीए , सिविल सर्जन, अनुमंडल पदाधिकारी (गुमला, बसिया एवं चैनपुर), भूमि सुधार उप समाहर्ता, जिला भू-अर्जन पदाधिकारी, जिला समाज कल्याण पदाधिकारी, जिला शिक्षा पदाधिकारी, जिला शिक्षा अधीक्षक, जिला कृषि पदाधिकारी, जिला उद्यान पदाधिकारी, जिला सामाजिक सुरक्षा सहायक निदेशक सह नजारत उप समाहर्ता गुमला , जिला मत्स्य पदाधिकारी, जिला सहकारिता पदाधिकारी, जिला परिवहन पदाधिकारी, सहित विभिन्न विभागों के कार्यपालक अभियंताओं एवं संबंधित पदाधिकारियों ने भाग लिया।







