गुमला (ब्यूरो प्रमुख ) – गणपत लाल चौरसिया
गुमला : – गुमला जिले में सड़क सुरक्षा को लेकर परिवहन विभाग ने सख्त रुख अपना लिया है। उपायुक्त गुमला दिलेश्वर महतो के निर्देश पर आज जिला परिवहन पदाधिकारी ने शिकंजा कसा । पिछले सप्ताह गुमला-रायडीह मार्ग पर बिना दस्तावेज व ओवरलोडिंग के खिलाफ कार्रवाई के बाद अब बुधवार को करमटोली रोड पर विशेष अभियान चलाकर ओवरलोडिंग और अवैध साइलेंसर मॉडिफिकेशन पर गाज गिराई गई। जिला परिवहन पदाधिकारी (डीटीओ) ज्ञान शंकर जायसवाल के नेतृत्व में हुई इस जांच में कई वाहनों के कागजात भी जब्त किए गए।
करमटोली रोड पर क्या हुआ?
शाम होते ही करमटोली चौक पर जाल बिछाकर टीम ने भारी वाहनों, निजी बसों, टेंपो और बाइकों की जांच शुरू कर दी। डीटीओ ने बताया कि ओवरलोडिंग के कारण ही अधिकतर सड़क हादसे होते हैं। अभियान के दौरान कई ऐसे वाहन पकड़े गए जिनमें तय संख्या से अधिक सवारियां सवार थीं। वहीं, एक नई बात यह रही कि विभाग ने तेज कानफोडूवा आवाज वाले साइलेंसर लगे वाहनों पर भी कार्रवाई की। अधिकारियों के अनुसार, ऐसे बदलाव न केवल ध्वनि प्रदूषण बढ़ाते हैं बल्कि इंजन के प्रदर्शन पर भी बुरा असर डालते हैं।
डीटीओ ज्ञान शंकर जायसवाल का कहना है :
“साइलेंसर में अवैध संशोधन कर आवाज तेज करना कानूनन अपराध है। यह लोगों की सेहत के लिए हानिकारक है। ऐसे वाहनों के खिलाफ अभियान जारी रहेगा।”
पिछले अभियान की बड़ी वसूली
गुमला-रायडीह मार्ग पर हुए अभियान में परिवहन विभाग ने मोटर वाहन अधिनियम के तहत कुल 2,63,000 रुपये का जुर्माना वसूला था। उस समय मुख्य रूप से बिना फिटनेस, बिना बीमा और ओवरलोडिंग पर कार्रवाई की गई थी। अब इसी कड़ी में करमटोली में कानफोडुवा साइलेंसर मॉडिफिकेशन को भी शामिल किया गया है। आज लगभग 1,10,000 का जुर्माना वसूला गया और चालान काटने की प्रक्रिया चालू ही थी ।
चालकों को दी गई सलाह
जुर्माने के साथ-साथ चालकों को जागरूक भी किया गया। विभाग ने सभी से अपील की है :
· वाहन का फिटनेस परीक्षण समय पर करवाएं।
· वैध बीमा अवश्य रखें।
· बिना लाइसेंस और परमिट के वाहन न चलाएं।
· साइलेंसर में कोई अवैध बदलाव न करें।
· बिना नंबर लगाए वाहन ना चलाएं ।
· यातायात नियमों का पालन करें, हेलमेट और सीट बेल्ट जरूर लगाएं।
प्रशासन का कहना है कि आने वाले दिनों में जिले के अन्य मुख्य मार्गों पर भी इसी तरह के आकस्मिक जांच अभियान जारी रहेंगे। मकसद सिर्फ जुर्माना वसूलना नहीं, बल्कि जिंदगियां बचाना है।
* विशेष जानकारी
* अभियान स्थल करमटोली रोड, गुमला
* मुख्य कार्रवाई ओवरलोडिंग, अवैध साइलेंसर, बिना दस्तावेज, बिना हेलमेट
* पिछली वसूली ₹2,13,000
* आज की वसूली ₹1,10,000
* अगला लक्ष्य गुमला के अन्य प्रमुख मार्ग में
– सुरक्षित रहें, नियम मानेंगुमला में परिवहन विभाग का दोहरा अभियान : ओवरलोडिंग , बिना हेलमेट व कानफोडूवा साइलेंसर पर शिकंजा, अब तक 3.73 लाख का जुर्माना
गुमला। जिले में सड़क सुरक्षा को लेकर परिवहन विभाग ने सख्त रुख अपना लिया है। उपायुक्त गुमला दिलेश्वर महतो के निर्देश पर आज जिला परिवहन पदाधिकारी ने शिकंजा कसा । पिछले सप्ताह गुमला-रायडीह मार्ग पर बिना दस्तावेज व ओवरलोडिंग के खिलाफ कार्रवाई के बाद अब बुधवार को करमटोली रोड पर विशेष अभियान चलाकर ओवरलोडिंग और अवैध साइलेंसर मॉडिफिकेशन पर गाज गिराई गई। जिला परिवहन पदाधिकारी (डीटीओ) ज्ञान शंकर जायसवाल के नेतृत्व में हुई इस जांच में कई वाहनों के कागजात भी जब्त किए गए।
करमटोली रोड पर क्या हुआ?
शाम होते ही करमटोली चौक पर जाल बिछाकर टीम ने भारी वाहनों, निजी बसों, टेंपो और बाइकों की जांच शुरू कर दी। डीटीओ ने बताया कि ओवरलोडिंग के कारण ही अधिकतर सड़क हादसे होते हैं। अभियान के दौरान कई ऐसे वाहन पकड़े गए जिनमें तय संख्या से अधिक सवारियां सवार थीं। वहीं, एक नई बात यह रही कि विभाग ने तेज कानफोडूवा आवाज वाले साइलेंसर लगे वाहनों पर भी कार्रवाई की। अधिकारियों के अनुसार, ऐसे बदलाव न केवल ध्वनि प्रदूषण बढ़ाते हैं बल्कि इंजन के प्रदर्शन पर भी बुरा असर डालते हैं।
डीटीओ का कहना है :
“साइलेंसर में अवैध संशोधन कर आवाज तेज करना कानूनन अपराध है। यह लोगों की सेहत के लिए हानिकारक है। ऐसे वाहनों के खिलाफ अभियान जारी रहेगा।”

पिछले अभियान की बड़ी वसूली
गुमला-रायडीह मार्ग पर हुए अभियान में परिवहन विभाग ने मोटर वाहन अधिनियम के तहत कुल 2,63,000 रुपये का जुर्माना वसूला था। उस समय मुख्य रूप से बिना फिटनेस, बिना बीमा और ओवरलोडिंग पर कार्रवाई की गई थी। अब इसी कड़ी में करमटोली में कानफोडुवा साइलेंसर मॉडिफिकेशन को भी शामिल किया गया है। आज लगभग 1,10,000 का जुर्माना वसूला गया और चालान काटने की प्रक्रिया चालू ही थी ।
चालकों को दी गई सलाह
जुर्माने के साथ-साथ चालकों को जागरूक भी किया गया। विभाग ने सभी से अपील की है :
· वाहन का फिटनेस परीक्षण समय पर करवाएं।
· वैध बीमा अवश्य रखें।
· बिना लाइसेंस और परमिट के वाहन न चलाएं।
· साइलेंसर में कोई अवैध बदलाव न करें।
· बिना नंबर लगाए वाहन ना चलाएं ।
· यातायात नियमों का पालन करें, हेलमेट और सीट बेल्ट जरूर लगाएं।
प्रशासन का कहना है कि आने वाले दिनों में जिले के अन्य मुख्य मार्गों पर भी इसी तरह के आकस्मिक जांच अभियान जारी रहेंगे। मकसद सिर्फ जुर्माना वसूलना नहीं, बल्कि जिंदगियां बचाना है।
* विशेष जानकारी
* अभियान स्थल करमटोली रोड, गुमला
* मुख्य कार्रवाई ओवरलोडिंग, अवैध साइलेंसर, बिना दस्तावेज, बिना हेलमेट
* पिछली वसूली ₹2,13,000
* आज की वसूली ₹1,10,000
* अगला लक्ष्य गुमला के अन्य प्रमुख मार्ग से वसूली की गई ।
